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Civil Surgeon Harassed Employee: कर्मचारी ने खाया सल्फास

by Live India
Civil Surgeon Harassed Employee: कर्मचारी ने खाया सल्फास

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Civil Surgeon Harassed Employee: जमुई के सदर अस्पताल में सिविल सर्जन की प्रताड़ना से तंग आकर कर्चारी ने स्लफास की गोली खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की. जानें पूरा मामला क्या है.

  • जमुई से अमरजीत सिंह की रिपोर्ट

सिविल सर्जन डा. अशोक कुमार सिंह की प्रताड़ना से परेशान चौथे ग्रेड के कर्मचारी संतोष चौरसिया ने मंगलवार की देर शाम सल्फास खा लिया. वह इतना परेशान था कि उसने सिविल सर्जन वह अन्य स्वास्थ्य पदाधिकारीयों के सामने ही कार्यालय में आत्महत्या की नीयत से सल्फास की गोली खा ली. घटना जमुई के सदर अस्पताल की है. काफी देर तक अफरा- तफरी का माहौल बना रहा. इसके बाद फौरन संतोष चौरसिया को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डा विशाल आनंद की निगरानी में संतोष चौरसिया का इलाज चल रहा है.

माली का पद न होने के कारण अलग-अलग काम किया

मामले में संतोष चौरसिया ने सिविल सर्जन डा. अशोक कुमार सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने बताया कि वे मुंगेर के रहने वाले हैं लेकिन वर्षों से परिवार के साथ बाहर रह रहे हैं. 2009 में माली के पद पर वे सदर अस्पताल में बहाल हुए थे लेकिन यहां गार्डन नहीं होने की वजह से उन्होंने मैसेंजर का काम किया. इसके बाद वे बैंक में विभाग का पैसा पहुंचाने और लाने का काम करने लगे. इसके बाद उन्होंने ओटी में काम किया और कोरोना काल के दौरान इमरजेंसी में काम किया था.

मानसिक तौर पर प्रताड़ित किया गया

चौरसिया वर्तमान में आंख के ओटी में ही कार्य कर रहे थे लेकिन जब से ये सिविल सर्जन आये हैं, उन्होंने चौरसिया की ड्यूटी ओटी से हटा कर जीर्ण-शीर्ण अवस्था में मौजूद गार्डन की देखरेख में लगा दी, लेकिन किसी प्रकार की सुरक्षा कीट या सेफ्टी मुहैया नहीं कराई गई, जबकि गार्डन में सुई का निडिल, कोरेक्स बोतल, कांटा समेत कई चीज फेंका हुआ है. इसके बावजूद वे कार्य कर रहे थे, लेकिन फिर ओटी में भी ड्यूटी करने का दबाव बनाया जाने लगा. इतना ही नहीं दिनभर में कई बार कार्यालय में बुलाकर कभी कचड़ा रहने तो सूखा पत्ता नहीं रहने को लेकर धमकी और मानसिक तौर पर प्रताड़ित किया जाने लगा.

सभी स्वास्थ्य कर्मियों को परेशान करता था सर्जन

कार्य करने के बावजूद मंगलवार की शाम भी कार्यालय कक्ष में बुलाकर मानसिक तौर पर टार्चर किया गया जिससे तनाव में आकर उन्होंने आत्महत्या करने की नियत से सिविल सर्जन व अन्य स्वास्थ्य पदाधिकारियों के सामने ही बोतल में सल्फास की गोली खा ली. आगे चौरसिया ने यह भी आरोप लगाया कि सिविल सर्जन द्वारा सभी स्वास्थ्य कर्मियों को बेवजह मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता है कभी इधर-उधर परेशान किया जाता है. वहीं राजद जिला अध्यक्ष डॉ त्रिवेणी यादव ने अस्पताल पहुंचकर कहा कि छोटे कर्मचारियों के साथ हो रही प्रताड़ना गंभीर विषय है, न्याय नहीं मिलने पर आंदोलन किया जाएगा. हालांकि इस संबंध में सिविल सर्जन कुछ भी बताने से इनकार किया है.

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