Home News वांगचुक से मिले नड्डा और जितेंद्र सिंह

वांगचुक से मिले नड्डा और जितेंद्र सिंह

by Live India
वांगचुक से मिले नड्डा और जितेंद्र सिंह

स्वर्ण महिला: केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने मंगलवार देर रात सोनम वांगचुक से मुलाकात की. भूख हड़ताल के 24वें दिन वे गुरुग्राम के मेदांता हॉस्पिटल में सोनम वांगचुक से मिले और उनका हाल जाना. अधिकारियों ने बताया कि वांगचुक को शाम को सफदरजंग हॉस्पिटल से छुट्टी दे दी गई और दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के अनुसार आगे के इलाज के लिए गुरुग्राम के मेदांता हॉस्पिटल में शिफ्ट कर दिया गया.

सफदरजंग से मेदांता में शिफ्ट किया गया

मेदांता हॉस्पिटल के एक अधिकारी ने बताया कि वांगचुक को कड़ी सुरक्षा के बीच शाम करीब 7.30 बजे एम्बुलेंस से मेदांता हॉस्पिटल लाया गया. उन्हें इंटरनल मेडिसिन स्पेशलिस्ट डॉ. सुशीला कटारिया की देखरेख में ICU में भर्ती कराया गया है. सफदरजंग हॉस्पिटल ने बताया कि कोर्ट के ऑर्डर के मुताबिक, सोनम वांगचुक को शाम 6:40 बजे डिस्चार्ज कर दिया गया और आगे की देखभाल के लिए मेदांता मेडिकल टीम को सौंप दिया गया. हॉस्पिटल ने एक बयान में कहा, “डिस्चार्ज के समय उनके वाइटल पैरामीटर (वाइटल साइन) स्टेबल थे. हालांकि, पैनसाइटोपेनिया बना हुआ है और उनका सीरम पोटैशियम लेवल 3.4 mEq/L था.”

सुरक्षा के कड़े इंतजाम

हॉस्पिटल ने यह भी बताया कि सभी जरूरी मेडिकल रिकॉर्ड, टेस्ट रिपोर्ट और ट्रीटमेंट डॉक्यूमेंट्स आगे की देखभाल के लिए रिसीविंग मेडिकल टीम को सौंप दिए गए थे. सोनम वांगचुक के आने की जानकारी के बाद, मेदांता हॉस्पिटल और उसके आस-पास सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर दिए गए हैं. हॉस्पिटल के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है. एंट्री गेट पर पुलिसकर्मी सभी आने-जाने वालों से लगातार पूछताछ कर रहे हैं. बिना सही स्क्रीनिंग और पहचान के किसी को भी अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है.

18 जुलाई को धरनास्थल से उठाया गया

सोनम वांगचुक 28 जून से NEET पेपर लीक को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं. वे पहले जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे थे. 18 जुलाई की सुबह पुलिस ने उन्हें धरनास्थल से उठा लिया और सफदरजंग अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कर दिया. पत्नी गीतांजलि की याचिका के बाद कोर्ट ने ऑर्डर दिया कि उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेदांता अस्पताल में शिफ्ट कर दिया जाए. कोर्ट ने कहा कि उन्हें उनकी पसंद के अस्पताल में इलाज करवाना संविधान के अनुच्छेद 19 और 21 के तहत उनका मौलिक अधिकार है. वहीं, दूसरी ओर 20 जुलाई को संसद चलो मार्च के दौरान हुए बवाल के बाद भी सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल जारी है और सीजेपी के समर्थक जंतर-मंतर पर धरना दे रहे हैं.

PM आवास पर कांग्रेस का प्रदर्शन! पुलिस हिरासत में लिए गए राहुल-अखिलेश; बस में ले जाया गया

समाचार स्रोत: पीटीआई

Related Articles