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रुपया बढ़ा: पश्चिम एशिया में जारी तनाव को खत्म करने की तैयारी जोरों पर है. इसके लिए ईरान और अमेरिका के बीच मध्यस्थता के रूप में पाकिस्तान और कतर की भूमिका का भी जिक्र हो रहा है. पूरी दुनिया चाह रही है कि पश्चिम एशिया का संघर्ष खत्म हो और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में एनर्जी सप्लाई (गैस, तेल समेत अन्य) पहले की तरह बिना किसी रोक टोक के जारी हो जाए. इस बीच भारतीय करेंसी को लेकर राहत वाली खबर है. जी हां, एक ओर जहां लोग आशंका जता रहे थे कि रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 97 को पार कर जाएगा या शायद 100 तक पहुंच जाएगा, वहीं दूसरी ओर अब रुपये में मजबूती लौटती हुई दिखी है. भारतीय करेंसी डॉलर के मुकाबले 95 के आसपास आ गई है. आज सोमवार को मार्केट खुलते ही इसमें 40 पैसे की बढ़त दिखी है.
95.20 पर दिखा रुपया
आज रुपये में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले तेजी दिखी है. सोमवार को मार्केट खुलते ही इसमें 40 पैसे की बढ़त दर्ज की गई. अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार के अनुसार, आज रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 95.36 पर खुला. फिर शुरुआती कारोबार में 95.20 तक पहुंच गया, जो पिछले बंद भाव से 40 पैसे अधिक है. वहीं, शुक्रवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 75 पैसे बढ़कर 95.60 पर बंद हुआ था. मतलब कि कारोबारी सत्र के अनुसार, डॉलर के मुकाबले रुपये में यह लगातार दूसरे दिन भी तेजी और मजबूती है.
क्या कहते हैं एक्सपर्ट?
एक्सपर्ट और विदेशी मुद्रा व्यापारियों ने कहा कि आज रुपया सकारात्मक रुख के साथ खुला है. उन्होंने इसके पीछे की वजह बताते हुए कहा कि अमेरिका और ईरान ने लगभग तीन महीने से चल रहे युद्ध को समाप्त करने के लिए एक शांति समझौते पर “काफी हद तक बातचीत” कर ली है. फिनरेक्स ट्रेजरी एडवाइजर्स एलएलपी के ट्रेजरी प्रमुख और कार्यकारी निदेशक अनिल कुमार भंसाली ने कहा, “यह व्यापार समझौता अमेरिका और भारत दोनों के लिए फायदेमंद होगा.” उन्होंने आगे कहा कि आज अमेरिका में छुट्टी होने के कारण नकदी की मांग कम रहेगी, लेकिन महीने के अंत में मांग बढ़ सकती है क्योंकि आरबीआई डॉलर पर नजर रखने के लिए मौजूद रहेगा.
अमेरिकी विदेश मंत्री ने क्या कहा?
वहीं, भारत के चार दिवसीय दौरे पर आए अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि के जल्द ही भारत दौरे के साथ बातचीत में हुई प्रगति के बाद अमेरिका और भारत एक अंतरिम व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के कगार पर हैं. मतलब कि भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील की अच्छी खबर ने भी रुपये को सकारात्मक रूप से सपोर्ट करने में अपनी भूमिका निभाई है.
भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में कमी
रुपये में तेजी तो आई है, लेकिन 15 मई को समाप्त हुए सप्ताह के दौरान भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में कमी देखी गई. शुक्रवार को केंद्रीय बैंक आरबीआई ने बताया कि 15 मई को समाप्त सप्ताह के दौरान देश का विदेशी मुद्रा भंडार 8.094 अरब अमेरिकी डॉलर घट गया है. यह अब 688.894 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया है. इससे पहले 8 मई को समाप्त सप्ताह में कुल भंडार 6.295 अरब अमेरिकी डॉलर बढ़कर 696.988 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया था.
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समाचार स्रोत: पीटीआई
