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जन नायकन एआई विजुअल: साउथ सुपरस्टार और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय की फिल्म ‘जना नायकन’ को उनके फिल्मी करियर की विदाई माना जा रहा था. लगभग 500 करोड़ रुपये के बजट में बनी इस फिल्म से दर्शकों को शानदार एक्शन, दमदार कहानी और यादगार सिनेमाई अनुभव की उम्मीद थी. लेकिन रिलीज के बाद फिल्म में विजय से ज्यादा कमजोर AI विजुअल्स और नकली दिखने वाले सीजीआई इफेक्ट्स की चर्चा हो रही है.
नकली सीन्स
फिल्म का दूसरा पार्ट सबसे ज्यादा सवालों के घेरे में है. दरअसल, एक बड़े वॉर सीक्वेंस में बॉबी देओल एक काल्पनिक अफ्रीकी गृहयुद्ध के बीच अपनी सेना का नेतृत्व करते नजर आते हैं. आसमान में उड़ते ड्रोन, जलते शहर, इंसानी सैनिकों से लड़ते रोबोट और हर तरफ धमाकों का शोर. सुनने में ये सब बहुत शानदार लगता है, लेकिन पर्दे पर इन सीन्स का असर बिल्कुल उल्टा पड़ता है. AI से तैयार किए गए बैकग्राउंड, नकली भीड़ और कमजोर विजुअल इफेक्ट्स इतने बनावटी लगते हैं कि दर्शक कहानी छोड़ तकनीक की खामियां गिनने लगते हैं.
AI का ज्यादा इस्तेमाल
लोगों का कहना है कि फिल्म के कई सीन किसी बड़े बजट की ब्लॉकबस्टर से ज्यादा एक अधूरे विजुअल प्रोजेक्ट जैसे दिखाई देते हैं. खासकर दूसरे हाफ में AI का इस्तेमाल इतना ज्यादा किया गया है कि असली एक्टर्स का असर फीका पड़ जाता है. यही वजह है कि सोशल मीडिया पर फिल्म की कहानी से ज्यादा उसके विजुअल इफेक्ट्स चर्चा में हैं. हालांकि, फिल्म सिर्फ तकनीक की वजह से ही सुर्खियों में नहीं है. दरअसल, ‘जना नायकन’ में दिग्गज एक्टर और पूर्व तमिलनाडु मुख्यमंत्री एम.जी. रामचंद्रन यानी MGR को श्रद्धांजलि दी गई है. AI की मदद से उनकी आवाज को दोबारा जिंदा करने की कोशिश की गई है.
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MGR की तस्वीर
फिल्म के एक सीन में विजय का किरदार भ्रष्ट नेताओं से लड़ते हुए एमजीआर का फेमस गाना गाता है. वहीं, एक दूसरे सीन में दीवार पर टंगी एमजीआर की तस्वीर जिंदा होकर हीरो से बात करती है. कुछ लोन इन सीन्स को श्रद्धांजलि बता रहे हैं. वहीं, कुछ ने इसे विजय की राजनीतिक छवि को एमजीआर की विरासत से जोड़ने की कोशिश माना. वैसे, विजय पहले भी अपनी फिल्मों और राजनीतिक मंचों से एमजीआर को सम्मान देते रहे हैं.
थलापति का सपना
डायरेक्टर एच. विनोथ की इस फिल्म में विजय एक पूर्व पुलिस अधिकारी थलापति वेत्री कोंडन की भूमिका निभा रहे हैं. वो एक जेलर की बेटी को गोद लेकर उसे भारतीय सेना में भेजने का सपना पूरा करता है. अपनी पुरानी लड़ाइयों का सामना करते हुए वो भ्रष्टाचार और अत्याचार के खिलाफ जनता का नेता बनता है. वहीं, इस फिल्म में विजय के साथ बॉबी देओल, पूजा हेगड़े और ममिता बैजू भी अहम भूमिकाओं में हैं. बॉक्स ऑफिस पर फिल्म अच्छी कमाई कर रही है. हालांकि, सवाल अब भी वही है कि, क्या विजय की इस विदाई को लोग उनकी एक्टिंग के लिए याद रखेंगे, या फिर सस्ते AI विजुअल्स इस फिल्म पर हमेशा के लिए भारी पड़ जाएंगे?
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